आज का पंचांग

आज का पंचांग

पंचांग में आज की तिथि, नक्षत्र, योग, करण, राहुकाल,  चौघड़िया और शुभ मुहूर्त की जानकारी आसानी से देख सकते हैं। इसके साथ सूर्योदय और सूर्यास्त का समय भी यहां दिया जाता है।

ग्रह-नक्षत्र गणना जारी है...

आज का पंचांग

⏱ अहोरात्र समय-चक्र (Day/Night Progress)
☀️Day
🌙Night
सूर्योदय: -- सूर्यास्त: --
सूर्य एवं चंद्र ग्रह स्थिति
सूर्योदय / सूर्यास्त--
चन्द्रोदय / चन्द्रास्त--
दिनमान--
सूर्य राशि--
चंद्र राशि एवं गोचर--
चंद्र प्रकाश (Illumination)--
संवत एवं मास विवरण
संवत विवरण--
मास एवं पक्ष--
अयन एवं ऋतु--
सौर संक्रांति----
पंचांग के मुख्य 5 अंग
तिथि----
नक्षत्र----
योग----
करण----
पक्ष एवं वार--
आनन्दादि योग--
अनुष्ठान एवं कर्मकांड विचार
शिववास (रुद्राभिषेक हेतु)--
अग्निवास (हवन/यज्ञ हेतु)--
चन्द्र वास (दिशा)--
शुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त--
अभिजित मुहूर्त--
विजय मुहूर्त--
गोधूलि मुहूर्त--
प्रातः संध्या--
सायं संध्या--
अशुभ एवं त्याज्य काल
राहु काल--
यमगण्ड--
गुलिक काल--
दुर्मुहूर्त--
वर्ज्य (विष घटी)--
दिशा शूल--
दिन का चौघड़िया
रात का चौघड़िया
📢 शेयर करें

भारत के अन्य प्रमुख शहरों का पंचांग देखे

आज का पंचांग – Aaj Ka Panchang

किसी भी काम से पहले अक्सर एक सवाल उठता है कि आज का दिन कैसा है। शादी हो, गृह प्रवेश हो, नई दुकान खोलनी हो या कहीं यात्रा पर निकलना हो तो लोग पहले पंचांग देखते हैं। यह समय और तिथि जानने का बहुत पुराना तरीका है, जो आज भी घर-घर में काम आता है।

पंचांग के पांच अंग क्या होते हैं

पंचांग का मतलब ही है पांच अंग। इन पांच बातों की जानकारी एक साथ मिलने की वजह से इसका नाम पंचांग पड़ा है।

  • तिथि: चंद्रमा की चाल के हिसाब से बनने वाला दिन। एक महीने में 30 तिथियां होती हैं, 15 शुक्ल पक्ष की और 15 कृष्ण पक्ष की
  • वार: सप्ताह का दिन, यानी सोमवार से रविवार तक
  • नक्षत्र: उस दिन चंद्रमा किस नक्षत्र में है। कुल 27 नक्षत्र माने गए हैं
  • योग: सूर्य और चंद्रमा की चाल से बनने वाला एक खास संयोग। इनकी संख्या भी 27 बताई गई है
  • करण: तिथि का आधा हिस्सा। कुल 11 करण होते हैं

इन पांचों को साथ देखकर ही पता चलता है किआज का दिन किस काम के लिए अनुकूल है।

पंचांग देखने के लाभ

कहा जाता है कि हर दिन हर काम के लिए एक जैसा नहीं होता। कोई दिन नया काम शुरू करने के लिए अच्छा माना जाता है, तो कोई दिन सिर्फ पूजा-पाठ और शांत रहने के लिए। शादी, गृह प्रवेश, नया काम शुरू करना या यात्रा पर जाना, इन सबके शुभ मुहूर्त पंचांग से ही निकाले जाते हैं।

आज और कल का पंचांग एक ही टूल में देखें

ऊपर दिए गए टूल में आप आज और कल, दोनों दिन का पंचांग देख सकते हैं। इसमें तिथि, नक्षत्र, राहुकाल और शुभ मुहूर्त जैसी जरूरी जानकारी एक ही जगह मिल जाती है, अलग-अलग साइट खोलने की जरूरत नहीं पड़ती। यह जानकारी रोज अपने आप अपडेट होती रहती है, इसलिए हर बार दिन के हिसाब से सही समय सामने आता है।

राहुकाल क्या होता है

राहुकाल हर दिन का वह समय है, जिसे शुभ काम के लिए ठीक नहीं माना जाता। यह रोज करीब डेढ़ घंटे का होता है, और इसका समय हर वार और सूर्योदय के हिसाब से बदलता रहता है। इसी वजह से इसे रोज देखना पड़ता है, एक बार याद करके नहीं चल सकता।

मान्यता है कि राहुकाल में कोई नया काम शुरू करना, यात्रा पर निकलना या कोई शुभ काम करना टालना बेहतर रहता है। हालांकि जो काम पहले से चल रहा हो, उसे जारी रखने में कोई रोक नहीं होती है।

अभिजीत मुहूर्त

अभिजीत मुहूर्त दोपहर के आसपास का करीब 48 मिनट का समय होता है। इसे दिन का सबसे शुभ समय माना जाता है, और कहा जाता है कि इसमें नया काम शुरू करने के लिए अलग से मुहूर्त देखने की जरूरत कम पड़ती है।

पंचांग देखते वक्त इन बातों का ध्यान रखें

पंचांग का समय अलग-अलग शहरों में थोड़ा आगे-पीछे हो जाता है, क्योंकि सूर्योदय और सूर्यास्त हर जगह एक ही समय पर नहीं होते। इसलिए अपने शहर के हिसाब से देखना ज्यादा सही रहता है। साथ ही, बहुत बड़े काम जैसे विवाह या गृह प्रवेश के लिए अपने परिवार के पंडित जी से भी एक बार सलाह ले लेना चाहिए।

यदि आप पंचांग, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त और धार्मिक जानकारी नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं, तो हमारी समय-समय पर प्रकाशित होने वाले लेख भी अवश्य देखें। इस जानकारी को अपने परिवार और मित्रों के साथ साझा करें।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

पंचांग क्या होता है?

पंचांग हिंदू कैलेंडर का वह रूप है, जिसमें तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण की जानकारी दी जाती है। इसी से पता चलता है कि कौन सा दिन किस काम के लिए शुभ अथवा अशुभ है।

आज का शुभ मुहूर्त कैसे पता करें?

ऊपर दिए गए पंचांग टूल के मदद से आज के दिन का शुभ मुहूर्त साफ तौर पर दिखाया जाता है, इसके लिए कुछ अलग से खोजने की जरूरत नहीं है।

कल का पंचांग कैसे देखे ?

harinav.com के टूल में आज और कल दोनों दिन का पंचांग देखने की सुविधा है , इसके अलावा आप किसी भी तारीख का देख सकते है टूल मे सही तारीख डाल कर।

राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त में क्या अंतर है?

राहुकाल को शुभ काम के लिए टालने लायक समय माना जाता है, जबकि अभिजीत मुहूर्त को दिन का सबसे शुभ समय कहा जाता है। दोनों दिन में अलग-अलग समय पर आते हैं।